महत्वपूर्ण तत्व और यौगिक

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26 Apr, 2017

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सामान्य ज्ञान,


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महत्वपूर्ण तत्व और यौगिक

 

  • ओजोन, मिश्रण,
  • ऊर्ध्वपातन,
  • निस्तारण,
  • क्रिस्टलन,
  • निस्यंदन,
  • प्रभाजी आसवन,
  • क्रोमेटोग्राफी

 

 

ओजोन

  • ओजोन किसका यौगिक है? – ऑक्सीजन का
  • ओजोन किस रूप में पाया जाता है? – गैस के रूप में

मिश्रण (Mixture)

  • मिश्रण क्या होता है? – मिश्रण दो या सो से अधिक किन्ही भी पदार्थो को किसी भी अनुपात में मिलाने से बन जाते हैं
  • मिश्रण तथा यौगिक में मुख्य अंतर क्या होता है? – मिश्रण दो या दो से अधिक तत्वों के किसी भी अनुपात से बन सकता है जबकि यौगिक में दो या दो से अधिक तत्वों का अनुपात बिलकुल निश्चित होता है
  • मिश्रण के अवयवों को क्या भौतिक विधियों द्वारा पृथक किया जा सकता है? – हाँ किया जा सकता है
  • मिश्रण के क्वथनांक तथा गलनांक निश्चित होते हैं या अनिश्चित? – अनिश्चित होते हैं
  • मिश्रण का एक सुलभ उदाहरण क्या है? – दूध
  • मिश्रणों के पृथक्करण के लिए किन किन विधियों का प्रयोग मुख्य रूप से किया जाता है? – ऊध्वपातन, अवसादन, क्रिस्टलन, निस्यंदन, वाष्पीकरण, आसवन, प्रभाजी आसवन तथा क्रोमेटोग्राफी

 

ऊर्ध्वपातन (Sublimation )

  • ऊर्ध्वपातन क्या है? – ऊर्ध्वपातन वह प्रक्रिया है, जिसमें ठोस पदार्थ गर्म करने पर सीधा गैसीय अवस्था में रूपांतरित हो जाता है, जो ठण्डा होने पर पुनः अपनी प्रारम्भिक ठोसावस्था में आ जाता है
  • ऊर्ध्वपातन में किन पदार्थो को पृथक किया जा सकता है? – ऊर्ध्वपाती पदार्थो को अनुर्ध्वपाती पदार्थो से पृथक किया जा सकता है
  • कुछ ऊर्ध्वपाती पदार्थो के उदाहरण क्या क्या हैं? – नेप्थलीन, आयोडीन तथा अमोनियम क्लोराइड
  • कपूर खुले में रखने से उड़ जाता है, यह कौन सी रासायनिक प्रक्रिया है? – ऊर्ध्वपातन

 

अवसादन (Sedimentation)

  • अवसादन क्या होता है? – वह प्रक्रिया जिसमें किसी द्रव पदार्थ में मिले भारी पदार्थो को थोड़ी देर तक रखने के बाद भारी पदार्थो को तली पर बैठने दिया जाता है। यदि मिटी मिले जल को कुछ देर के लिए बिना छेड़े छोड़ दिया जाय तो मिट्टी या रेत के भारी कण नीचे जमा हो जाते हैं और ऊपर का पानी साफ हो जाता है। यही अवसादन क्रिया है

 

निस्तारण  (Decantation)

  • निस्तारण क्या होता है? – अवसादन क्रिया में नीचे बैठ गई मिट्टी या भारी कणों के ऊपर स्थित स्वच्छ जल को सावधानीपूर्वक किसी दूसरे स्थान पर स्थानांतरित कर स्वच्छ जल प्राप्त करने की क्रिया ही निस्तारण कहलाती है

 

क्रिस्टलन (Crystallization)

  • क्रिस्टलन क्या होता है? – यह भी मिश्रणों के पृथक्करण की एक प्रक्रिया है जिसमें ठोस वस्तुओ का पृथक्करण किया जाता है
  • क्रिस्टलन में पृथक्करण कैसे किया जाता है? – इस प्रक्रिया में अशुद्ध ठोस पदार्थ या मिश्रण को किसी विलायक ( उचित तरल पदार्थ जैसे जल, एल्कोहॉल, एसिटोन, क्लोरोफार्म) के साथ उसके क्वथनांक तक गर्म किया जाता है। तत्पश्चात इस गर्म विलयन को छानकर, धीरे-धीरे कक्ष-ताप तक ठण्डा होने के लिए छोड़ दिया जाता है। जब शुद्ध क्रिस्टलीकृत होता है, इसे निस्पंदन द्वारा पृथक कर सुखा लिया जाता है

 

निस्यंदन  (Filtration)

  • निस्यंदन क्या है? – इस प्रक्रिया में द्रव में निलंबित ठोस पदार्थ को तेजी से पूरी तरह अलग करने में किया जाता है, जब इस निलंबन को एक निस्पंदक (छन्ना) से गुजरने दिया जाता है

 

आसवन (Distillation)

  • आसवन क्या है? – आसवन वह प्रक्रिया है जिसमें किसी द्रव को ठण्डा कर पुनः द्रव अवस्था में लाया जाता है
  • आसवन प्रक्रिया में किस प्रकार के पदार्थो का पृथक्करण किया जाता है? – इसमें वाष्पशील पदार्थो को अवाष्पशील पदार्थो से पृथक किया जाता है
  • साधारण जल से आसुत जल किस प्रक्रिया से बनाया जाता है? – आसवन प्रक्रिया से

 

प्रभाजी आसवन (Fractional Distillation)

  • प्रभाजी आसवन क्रिया में किस प्रकार के पदार्थों का किस प्रकार पृथक्करण किया जाता है? – प्रभाजी आसवन में भिन्न क्वथनांक वाले दो या दो से अधिक वाष्पशील द्रवों को पृथक करने के लिए प्रभाज के स्तंभ का प्रयोग किया जाता है
  • कच्चे तेल से पेट्रोल, डीज़्ाल, मिट्टी का तेल, भारी तेल आदि को किस प्रक्रिया से अलग किया जाता है? – प्रभाजी आसवन द्वारा
  • द्रवित वायु से ऑक्सीजन, नाइट्रोजन, अक्रिय गैसें तथा कार्बन डाइ ऑक्साइड को किस प्रक्रिया से पृथक किया जाता है? – प्रभाजी आसवन द्वारा
  • व्हिस्की, जिन, रम तथा ब्रांडी के उत्पादन में किस प्रक्रिया का प्रयोग किया जाता है? – प्रभाजी आसवन का

 

क्रोमेटोग्राफी (Chromatography)

  • हरी सब्जियों, स्याही आदि से रंगीन पदार्थो को पृथक करने के लिए किस प्रक्रिया का प्रयोग किया जाता है? – क्रोमेटोग्राफी

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